वरिष्ठ नागरिकों के लिए ITR फाइलिंग शुरू: जानें कौन सा फॉर्म और छूट
जून, 17 2026
क्या आप या आपके परिवार के बुजुर्ग सदस्य आयकर रिटर्न (ITR) भरने की प्रक्रिया से घबरा रहे हैं? चिंता न करें, क्योंकि वित्त वर्ष 2025-26 के लिए फाइलिंग का दरवाजा खुल चुका है। विशेष रूप से 80 वर्ष से अधिक आयु वाले अति वरिष्ठ नागरिकों के लिए सरकारी नियमों में कुछ राहतें हैं, लेकिन एक बड़ा ध्यान देने योग्य बिंदु यह है कि 'छूट' का मतलब 'फाइलिंग नहीं करना' होना जरूरी नहीं है।
आखिरकार, Bajaj Finserv जैसे वित्तीय प्लेटफॉर्म और आधिकारिक स्रोतों ने स्पष्ट किया है कि आय की सीमाएं उम्र के आधार पर बदलती हैं। यदि आपकी आय निश्चित सीमा से ऊपर है, तो चाहे आपको कर देना ही न पड़े, रिटर्न भरना अनिवार्य हो सकता है। आइए, इस जटिल विषय को सरल भाषा में समझते हैं ताकि आप गलतियों से बच सकें और अपने हक़दार लाभ प्राप्त कर सकें।
पुराने बनाम नए टैक्स रेजिम: वरिष्ठ नागरिकों के लिए क्या बेहतर?
यहाँ सबसे बड़ा भ्रम यह है कि सभी को समान नियम लागू होते हैं। वास्तव में, केंद्रीय बजट 2026-27 ने हालाँकि कई बदलाव लाए हैं, लेकिन वरिष्ठ नागरिकों के लिए पुरानी व्यवस्था अभी भी आकर्षक है।
Jagran और अन्य विश्वसनीय स्रोतों के अनुसार, पुराने कर व्यवस्था (Old Tax Regime) में:
- 60 से 80 वर्ष की आयु: ₹3,00,000 तक की आय पर कोई कर नहीं।
- 80 वर्ष से अधिक आयु (अति वरिष्ठ): ₹5,00,000 तक की आय पूरी तरह से कर मुक्त है।
लेकिन रुकिए, नई कर व्यवस्था (New Tax Regime) में उम्र का कोई खास महत्व नहीं है। यहाँ सभी के लिए बेसिक एग्जम्प्शन लिमिट ₹2,50,000 है। हालाँकि, नई व्यवस्था में मानक कटौती (Standard Deduction) बढ़ाकर ₹75,000 की गई है। ClearTax के विश्लेषण के अनुसार, यदि आप नई व्यवस्था चुनते हैं, तो सेक्शन 87A के तहत मिलने वाली ₹60,000 की रीबेट के साथ, लगभग ₹12,75,000 तक की आय पर भी शून्य कर देय हो सकता है। इसलिए, अपनी कुल आय और निवेशों की तुलना करके ही फैसला लें।
किसको ITR भरना अनिवार्य है?
क्या ₹4 लाख या ₹5 लाख से कम आय होने पर रिटर्न भरने की जरूरत नहीं है? यह एक सामान्य धारणा है, लेकिन यह हमेशा सही नहीं होती। Upstox द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, निम्नलिखित स्थितियों में ITR भरना अनिवार्य है, भले ही आय कम हो:
- TDS कटौती: यदि आपकी आय पर ₹500 से अधिक TDS काटा गया है, तो रिटर्न भरना जरूरी है ताकि आप अतिरिक्त टैक्स का रिफंड ले सकें।
- व्यापारिक आय: यदि आपकी व्यापारिक प्राप्ति (Business Receipts) निर्धारित सीमा से अधिक है।
- विदेशी संपत्ति: यदि आपके पास किसी विदेशी देश में बैंक खाता या संपत्ति है।
विशेष रूप से, 80 वर्ष से अधिक आयु वाले व्यक्ति के लिए, यदि उनकी कुल आय ₹5,00,000 से अधिक है, तो उन्हें ITR दाखिल करना अनिवार्य है। इससे कम आय होने पर भी, यदि वे रिफंड चाहते हैं, तो फाइलिंग करना उनके ही हित में है।
कौन सा ITR फॉर्म चुनें?
सही फॉर्म चुनना ही सफल फाइलिंग की पहली सीढ़ी है। आय का स्रोत ही तय करता है कि आपको कौन सा फॉर्म भरना है:
- ITR-1 (सहाय): जो वरिष्ठ नागरिकों की आय केवल वेतन, एक घर की आय और बचत बैंक ब्याज से है।
- ITR-4 (सुगम): छोटे व्यापारी या स्वयं रोजगार करने वाले (Presumptive Scheme) वरिष्ठ नागरिकों के लिए।
- ITR-3: यदि आपकी आय व्यापार या पेशे (Professional Income) से है।
एक अच्छी खबर यह है कि Income Tax Department ने 80 वर्ष से अधिक आयु वाले 'अति वरिष्ठ नागरिकों' के लिए ऑनलाइन फाइलिंग की कठिनाई को देखते हुए, ITR-1 और ITR-4 फॉर्म को ऑफलाइन (Paper Mode) में जमा करने की सुविधा दी है। आप इन फॉर्म को भरकर सीधे पोस्ट द्वारा भेज सकते हैं।
फाइलिंग की अंतिम तिथियां और प्रक्रिया
समय की पाबंदी रखना बहुत जरूरी है। वित्त वर्ष 2024-25 (आकलन वर्ष 2025-26) के लिए मूल डेडलाइन 31 जुलाई थी, लेकिन अब संशोधित रिटर्न और अपडेटेड रिटर्न के लिए अलग-अलग तिथियां तय की गई हैं। वर्तमान में चल रही प्रक्रिया के लिए:
- व्यक्तिगत करदाता (ITR-1/2): अंतिम तिथि 31 जुलाई 2024 थी (विलंब शुल्क के साथ बाद में भी भर सकते हैं)।
- ऑडिट वाले मामलों के लिए: 31 अक्टूबर 2024।
- संशोधित रिटर्न: 31 दिसंबर 2024।
ऑनलाइन फाइलिंग के लिए, आपको अपना PAN कार्ड यूजर आईडी के रूप में उपयोग करना होगा। लॉगिन के बाद 'e-File' सेक्शन में जाएं और संबंधित Assessment Year चुनें। सभी विवरण भरने के बाद 'Preview' अवश्य देखें और ई-वेरिफिकेशन (OTP या नेट बैंकिंग के माध्यम से) जरूर करें। बिना वेरिफिकेशन के रिटर्न अधूरा माना जाता है।
Frequently Asked Questions
क्या 80 साल से ज्यादा उम्र वाले लोग ITR भर सकते हैं?
हां, बिल्कुल। सरकार ने 80 वर्ष से अधिक आयु वाले अति वरिष्ठ नागरिकों के लिए विशेष सुविधा दी है। वे ITR-1 या ITR-4 फॉर्म को ऑनलाइन भर सकते हैं या फिर पेपर मोड (ऑफलाइन) में भरकर पोस्ट द्वारा भेज सकते हैं। यह सुविधा उन लोगों के लिए है जिन्हें डिजिटल प्रक्रिया में दिक्कत होती है।
नए टैक्स रेजिम में वरिष्ठ नागरिकों को क्या फायदा है?
नए टैक्स रेजिम में उम्र के आधार पर अलग छूट नहीं है, लेकिन सभी को ₹75,000 की मानक कटौती (Standard Deduction) मिलती है। इसके अलावा, सेक्शन 87A के तहत ₹60,000 तक की रीबेट उपलब्ध है। इसका मतलब है कि यदि आपकी आय ₹12.75 लाख से कम है, तो नई व्यवस्था में भी आपका कर शून्य हो सकता है, जिससे निवेश की चिंता रहित आय संभव है।
क्या मेरी आय 5 लाख से कम है तो भी मुझे ITR भरना चाहिए?
यदि आपकी आय 5 लाख से कम है और उस पर कोई TDS कटा गया है, तो हां, आपको ITR भरना चाहिए। इससे आपको कटे गए अतिरिक्त टैक्स का रिफंड मिल सकता है। साथ ही, भविष्य में ऋण (Loan) लेने या पासपोर्ट जैसे दस्तावेजों के लिए ITR एक महत्वपूर्ण आय प्रमाण पत्र के रूप में काम आता है।
ITR फाइलिंग के लिए किन दस्तावेजों की आवश्यकता है?
आपको अपने पास PAN कार्ड, Form 16 (वेतन के लिए), Form 16A/B/C (अन्य आय के लिए), बैंक स्टेटमेंट, ब्याज प्रमाण पत्र (Interest Certificate), और Form 26AS की आवश्यकता होगी। यदि आपने कोई टैक्स सेविंग निवेश किया है, तो उसके प्रमाण पत्र भी रखें।
Form 121 क्या है और क्या इससे ITR छूट मिलती है?
सोशल मीडिया पर Form 121 के बारे में चर्चा हो रही है, लेकिन वर्तमान में आयकर विभाग द्वारा जारी आधिकारिक नियमों में इस फॉर्म का ITR फाइलिंग से सीधा संबंध स्पष्ट नहीं है। Form 121 मुख्य रूप से TDS कटौती से छूट के लिए आवेदन करने के लिए होता है यदि करदाता की आय कर योग्य सीमा से नीचे है। ITR फाइलिंग की अनिवार्यता आय सीमा और TDS कटौती पर निर्भर करती है, न कि केवल इस फॉर्म पर।